छतीसगड को ।मोदी सरकार और भुपेश सरकार 5 साल तक टेक्स मुक्त कर दे ,,,,,,टेक्स फ्री राज्य घोषित कर दे ,,,,,,लो कल से दुर्ग भी,,,,,,,अनलॉक,,,,,हो जायेगा ,,,,खुल जाएगी मार्केट,,,,,, पर क्या,,,,, वो रौनक वो खुशहाली फिर लौटेगी,,,,,,,,,,,,,,किसे दोष दे हम आज की परिस्थितियों के लिये । मोदी सरकार को देश परिस्थितियों के ओर छतीसगड की परिस्थितियों के लीये भुपेश सरकार को । पहले मोदी जी से पूछते है माननीय प्रधानमंत्री जी आज देश मे कोरोना से जितनी मोते हुई है इतनी तो कोरोना से पहले किसी न किसी कारण वश होती थी ,,,,,,फिर देश को लॉक डाउन के कारण क्या थे आप ने देश को लॉक डाउन अपनी सरकार को बचाने के लिये किया अपनी विफलताओं से बचने के लिये किया ,,,,नोटबन्दी , gst , को जनता भूल जाये इसलिए लॉक डाउन किया । माननीय प्रधानमंत्री जी आज देश 30 साल पीछे हो गया ऐसा महसूस होता है आज जब बीते 6।महीनों कोरोना काल लाखो लोगो की नोकरियों चली गई छोटे छोटे और मीडियम व्यापारियों के धंधे बन्द होने की स्थिति में पुहुच गये फिर मुकेश अंबानी की दौलत हर 6 घन्टे 90 करोड़ बढ़ती रही ,,,,,उस पर लॉक डाउन का असर क्यो नही पड़ा ये केसी व्यस्था है छोटे छोटे व्यापारी कर्ज में दब रहे और ,,,,,ओर सरकार किसानों के लिए बहुत कुछ कर रही पर व्यापारियों से केंद्र सरकार की क्या दुश्मनी जो व्यापारियों के लीये कुछ नही हो राहा उल्टा टैक्स के दबाव बढ़ाया जा राहा है छत्तीसगढ़ सरकार भी किसानों की हितैषी सरकार है हर संभव प्रयास कर रही है कि किसानों को अधिक से अधिक उपज का सही दाम मिले पर छत्तीसगढ़ सरकार भी व्यापारियों के लिये कुछ नही कर रही है । अगर मोदी सरकार और भुपेश सरकार व्यापारी को राहत देना चाहती है तो छतीसगड को 5 साल के लिए gst से मुक्ति दे दे व्यापारियों से 5 साल तक gst न ले टेक्स मुक्त व्यापर कर दे ,,,,,,,,विनोद मेघवानी
13 साल का इंतजार फिर मौत ? परिवार ने लगाई प्रधानमंत्री मोदी से इंसाफ की गुहार ( एक खबर इंडिया न्यूज पोर्टल
Vinod raja meghwani (sampadak) 13 साल का इंतजार, मौत के बाद उठे गंभीर सवाल 13 साल का इंतजार, फिर मौत… तन्वी परियानी को इंसाफ की मांग AIIMS में इलाज के दौरान 15 वर्षीय तन्वी की मौत; पिता मुकेश परियानी ने डॉक्टरों पर कार्रवाई की मांग की, जांच में सामने आएगा सर्जरी में देरी का सच नई दिल्ली/कोटा। जन्मजात जटिल हृदय रोग से जूझ रही कोटा की 15 वर्षीय तन्वी परियानी की दिल्ली स्थित AIIMS में मौत के बाद चिकित्सा व्यवस्था और इलाज में कथित देरी को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। तन्वी के पिता मुकेश कुमार परियानी ने अपनी बेटी की मौत के मामले में निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार चिकित्सकों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। मुकेश परियानी का कहना है कि उनकी बेटी का AIIMS में इलाज वर्ष 2012 से चल रहा था। परिवार के अनुसार शुरुआती वर्षों में जांच और सर्जरी को लेकर लगातार प्रयास किए गए, लेकिन ऑपरेशन नहीं हो सका। 2014 के रिकॉर्ड से उठा सबसे बड़ा सवाल उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार जनवरी 2014 के AIIMS दस्तावेज में तन्वी की बीमारी को VSD with pulmonary atresia बताया गया था। दस्तावेज में unifocalisation एवं conduit surge...

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